शेरघाटी मे दुर्गापूजा में डीजे से लेकर सीसीटीवी तक की व्यवस्था पर जोर, मनचलों और बाइकर्स पर रहेगी पुलिस की नजर
Category: City | Date: 2026-10-10 13:12:52 | Views: 144
दुर्गापूजा को शांतिपूर्ण, सुरक्षित और सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न कराने को लेकर शेरघाटी थाना परिसर में शांति समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों, पूजा समितियों के सदस्यों और समाज के गणमान्य लोगों ने हिस्सा लिया। इस दौरान दुर्गापूजा में सुरक्षा व्यवस्था, मूर्ति स्थापना, लाइसेंस, डीजे संचालन, साफ-सफाई, अग्निशमन व्यवस्था और श्रद्धालुओं की सुविधाओं सहित विभिन्न महत्वपूर्ण मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई।
बैठक में अनुमंडल पदाधिकारी जतिन कुमार, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी संदीप कुमार, शेरघाटी थानाध्यक्ष प्रमोद कुमार, अंचल अधिकारी ऊषा कुमारी और नगर परिषद के उपमुख्य पार्षद तारकेश्वर चौधरी उर्फ भोला चौधरी सहित अन्य लोग मौजूद रहे। इसके अलावा दीनानाथ पांडेय, रावण वध समिति के प्रमोद कुमार वर्मा, पूर्व मुखिया जितेंद्र यादव, राधेश्याम कुमार, अरुण कुमार समेत कई गणमान्य लोगों ने भाग लिया।
*मूर्ति स्थापना और डीजे के लिए लाइसेंस जरूरी*
बैठक में दुर्गापूजा के दौरान मूर्ति स्थापना और डीजे संचालन को लेकर आवश्यक लाइसेंस एवं निर्धारित नियमों के पालन पर चर्चा की गई। पूजा समितियों को व्यवस्था बनाए रखने, प्रशासनिक दिशा-निर्देशों का पालन करने तथा किसी भी प्रकार की अव्यवस्था से बचने पर जोर दिया गया। डीजे के इस्तेमाल के दौरान निर्धारित मानकों और ध्वनि संबंधी नियमों का पालन करने का मुद्दा भी प्रमुख रहा।
*साफ-सफाई, पानी और अग्निशमन व्यवस्था पर चर्चा*
पूजा पंडालों और आसपास के क्षेत्रों में साफ-सफाई बनाए रखने, श्रद्धालुओं के लिए पानी की व्यवस्था करने तथा संभावित अगलगी की घटनाओं से निपटने के लिए फायर सेफ्टी के इंतजामों पर चर्चा हुई। पूजा समितियों को पंडालों में सुरक्षा के जरूरी उपाय सुनिश्चित करने तथा किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए सतर्क रहने की आवश्यकता पर जोर दिया गया।
*रावण वध कार्यक्रम में सीसीटीवी और लाइटिंग पर जोर*
रावण वध समिति के सदस्यों के साथ कार्यक्रम की तैयारियों को लेकर भी चर्चा की गई। कार्यक्रम स्थल पर पर्याप्त रोशनी, सीसीटीवी कैमरे और सुरक्षा से जुड़े इंतजामों को महत्वपूर्ण बताया गया। बड़ी संख्या में लोगों के जुटने की संभावना को देखते हुए भीड़ प्रबंधन और निगरानी की व्यवस्था पर भी विचार-विमर्श किया गया, ताकि कार्यक्रम के दौरान किसी तरह की परेशानी नहीं हो।
*मनचलों और तेज रफ्तार बाइकर्स पर रहेगी नजर*
त्योहार के दौरान महिलाओं और युवतियों की सुरक्षा तथा असामाजिक तत्वों पर नियंत्रण को लेकर भी चर्चा की गई। मनचले लोगों की गतिविधियों पर नजर रखने और किसी प्रकार की छेड़खानी या अशोभनीय हरकत की शिकायत मिलने पर नियमानुसार कार्रवाई करने की आवश्यकता पर जोर दिया गया। वहीं, तेज रफ्तार बाइक चलाने, अनावश्यक रूप से घूमने और सड़क पर हुड़दंग करने वाले बाइकर्स पर पुलिस की निगरानी एवं कार्रवाई को लेकर भी चर्चा हुई।
बैठक में त्योहार के दौरान लोगों से सतर्क रहने, किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना पुलिस को देने तथा अफवाहों पर ध्यान नहीं देने की अपील किए जाने से संबंधित मुद्दों पर भी विचार-विमर्श किया गया। प्रशासन, पुलिस और पूजा समितियों के बीच समन्वय बनाए रखने पर जोर दिया गया, ताकि दुर्गापूजा और रावण वध कार्यक्रम शांतिपूर्ण वातावरण में संपन्न हो सके।
बैठक का मुख्य उद्देश्य शेरघाटी में दुर्गापूजा के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने, श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने और आपसी भाईचारे के साथ त्योहार मनाने के लिए आवश्यक तैयारियों की समीक्षा करना रहा।
बैठक में अनुमंडल पदाधिकारी जतिन कुमार, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी संदीप कुमार, शेरघाटी थानाध्यक्ष प्रमोद कुमार, अंचल अधिकारी ऊषा कुमारी और नगर परिषद के उपमुख्य पार्षद तारकेश्वर चौधरी उर्फ भोला चौधरी सहित अन्य लोग मौजूद रहे। इसके अलावा दीनानाथ पांडेय, रावण वध समिति के प्रमोद कुमार वर्मा, पूर्व मुखिया जितेंद्र यादव, राधेश्याम कुमार, अरुण कुमार समेत कई गणमान्य लोगों ने भाग लिया।
*मूर्ति स्थापना और डीजे के लिए लाइसेंस जरूरी*
बैठक में दुर्गापूजा के दौरान मूर्ति स्थापना और डीजे संचालन को लेकर आवश्यक लाइसेंस एवं निर्धारित नियमों के पालन पर चर्चा की गई। पूजा समितियों को व्यवस्था बनाए रखने, प्रशासनिक दिशा-निर्देशों का पालन करने तथा किसी भी प्रकार की अव्यवस्था से बचने पर जोर दिया गया। डीजे के इस्तेमाल के दौरान निर्धारित मानकों और ध्वनि संबंधी नियमों का पालन करने का मुद्दा भी प्रमुख रहा।
*साफ-सफाई, पानी और अग्निशमन व्यवस्था पर चर्चा*
पूजा पंडालों और आसपास के क्षेत्रों में साफ-सफाई बनाए रखने, श्रद्धालुओं के लिए पानी की व्यवस्था करने तथा संभावित अगलगी की घटनाओं से निपटने के लिए फायर सेफ्टी के इंतजामों पर चर्चा हुई। पूजा समितियों को पंडालों में सुरक्षा के जरूरी उपाय सुनिश्चित करने तथा किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए सतर्क रहने की आवश्यकता पर जोर दिया गया।
*रावण वध कार्यक्रम में सीसीटीवी और लाइटिंग पर जोर*
रावण वध समिति के सदस्यों के साथ कार्यक्रम की तैयारियों को लेकर भी चर्चा की गई। कार्यक्रम स्थल पर पर्याप्त रोशनी, सीसीटीवी कैमरे और सुरक्षा से जुड़े इंतजामों को महत्वपूर्ण बताया गया। बड़ी संख्या में लोगों के जुटने की संभावना को देखते हुए भीड़ प्रबंधन और निगरानी की व्यवस्था पर भी विचार-विमर्श किया गया, ताकि कार्यक्रम के दौरान किसी तरह की परेशानी नहीं हो।
*मनचलों और तेज रफ्तार बाइकर्स पर रहेगी नजर*
त्योहार के दौरान महिलाओं और युवतियों की सुरक्षा तथा असामाजिक तत्वों पर नियंत्रण को लेकर भी चर्चा की गई। मनचले लोगों की गतिविधियों पर नजर रखने और किसी प्रकार की छेड़खानी या अशोभनीय हरकत की शिकायत मिलने पर नियमानुसार कार्रवाई करने की आवश्यकता पर जोर दिया गया। वहीं, तेज रफ्तार बाइक चलाने, अनावश्यक रूप से घूमने और सड़क पर हुड़दंग करने वाले बाइकर्स पर पुलिस की निगरानी एवं कार्रवाई को लेकर भी चर्चा हुई।
बैठक में त्योहार के दौरान लोगों से सतर्क रहने, किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना पुलिस को देने तथा अफवाहों पर ध्यान नहीं देने की अपील किए जाने से संबंधित मुद्दों पर भी विचार-विमर्श किया गया। प्रशासन, पुलिस और पूजा समितियों के बीच समन्वय बनाए रखने पर जोर दिया गया, ताकि दुर्गापूजा और रावण वध कार्यक्रम शांतिपूर्ण वातावरण में संपन्न हो सके।
बैठक का मुख्य उद्देश्य शेरघाटी में दुर्गापूजा के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने, श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने और आपसी भाईचारे के साथ त्योहार मनाने के लिए आवश्यक तैयारियों की समीक्षा करना रहा।